Chapter 25 / 25, 3 मिनट
आख़िरी आईना — सिर्फ़ ईमानदार बनना
तुम्हें strong नहीं बनना है। Better नहीं बनना है। Hero नहीं बनना है। बस — ईमानदार बनना है। सबसे पहले अपने आप से।
यह सफ़र यहाँ आकर एक पड़ाव पर ख़त्म होता है। आगे का रास्ता तुम्हारा है।
उसमें से निकलते हुए — एक आख़िरी बात।
तुम्हें बस एक काम करना है — ईमानदार बनना। सबसे पहले अपने आप से।
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